धर्म संवाद / डेस्क : क्या 2 अगस्त को वाकई सूर्य ग्रहण है और क्या ये सदी का सबसे लंबा सूर्य ग्रहण” होगा जिसमें 6 मिनट तक अंधकार छा जाएगा। चलिए जानते हैं इसके पीछे की सच्चाई। हाल ही में सोशल मीडिया और मैसेजिंग प्लेटफॉर्म्स पर यह दावा तेजी से वायरल हुआ कि 2 अगस्त 2025 को “सदी का सबसे लंबा सूर्य ग्रहण” लगेगा, जिसमें 6 मिनट तक अंधकार छा जाएगा। कई लोगों ने इसे सच भी मान लिया। अब आपको बता दे इस दावे को लेकर साइंटिस्ट और एस्ट्रोनॉमर्स ने साफ किया है कि 2 अगस्त 2025 को कोई सूर्य ग्रहण नहीं लगेगा।
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नासा और अन्य अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष एजेंसियों ने इस तारीख को किसी भी प्रकार के ग्रहण की संभावना से इनकार किया है। वैदिक पंचांग विशेषज्ञों ने भी पुष्टि की है कि इस दिन न तो सूतक लगेगा और न ही कोई एस्ट्रोनॉमिकल इवेंट होगा। इस साल जो सूर्य ग्रहण लगने वाला है वो 21 सितंबर, 2025 को लगेगा। और वो भी आंशिक सूर्य ग्रहण जो भारत में दिखाई नहीं देगा।
अब आप सोच रहे होंगे कि यह अफवाह आखिर फैली कैसे तो आप सबको बता दे कि 2 अगस्त को सूर्य ग्रहण लगेगा मगर इस साल नहीं 2027 को जी हाँ, 2 अगस्त, 2027 को एक बड़ा और खास सूर्य ग्रहण होगा।इसे वैज्ञानिक “सदी का सबसे लंबा पूर्ण सूर्य ग्रहण” कह रहे हैं, क्योंकि इसकी कुल अवधि कुछ जगहों पर 6 मिनट 23 सेकंड तक होगी। यह 1991 के बाद का सबसे लंबा ग्रहण होगा, और 2114 तक ऐसा ग्रहण फिर नहीं दिखाई देगा। यह मुख्य रूप से यूरोप, उत्तरी अफ्रीका और मध्य पूर्व में देखा जा सकेगा। भारत में यह आंशिक रूप से ही दिखेगा। लेकिन हाँ, अगर उस दिन आसमान साफ रहा, तो लोग चंद्रमा को धीरे-धीरे सूरज को ढकते हुए देख सकेंगे।
इस अद्भुत खगोलीय घटना का सबसे बेहतरीन नज़ारा मिस्र, स्पेन, सऊदी अरब, ट्यूनिशिया और यमन जैसे देशों से देखने को मिलेगा। मिस्र के लक्सर शहर में तो यह ग्रहण सबसे लंबा रहेगा।
- यह इसलिए हो रहा है क्योंकि:
- उस दिन चंद्रमा पृथ्वी के सबसे पास होगा, इसलिए वह बड़ा दिखाई देगा।
- साथ ही पृथ्वी सूरज से थोड़ी दूरी पर होगी, जिससे सूरज छोटा लगेगा।
- ग्रहण भूमध्यरेखा के आसपास से गुजरेगा, जहाँ चंद्रमा की परछाई ज़मीन पर धीमे चलती है।
